वर्षा निगरानी प्रणाली
बुलेट ट्रेन सेवाओं के सुरक्षित संचालन को सुनिश्चित करने के लिए, एक स्वचालित वर्षा निगरानी प्रणाली (Automated Rainfall Monitoring System) अपनाई गई है। यह प्रणाली उन्नत उपकरणों से लैस वर्षा गेज (rain gauges) का उपयोग करके वर्षा के बारे में वास्तविक समय का डेटा प्रदान करेगी।
प्रत्येक गेज में एक ट्रिपिंग सेल होता है जो एकत्रित वर्षा की मात्रा के आधार पर सिग्नल पल्स उत्पन्न करता है। ये पल्स एक सिग्नल संचार लाइन के माध्यम से ऑपरेशन कंट्रोल सेंटर (OCC) में स्थित फैसिलिटी कंट्रोलर सिस्टम तक भेजे जाते हैं, जहाँ उन्हें बारीकी से प्रदर्शित और मॉनिटर किया जाता है।
यह प्रणाली दो महत्वपूर्ण माप मान प्रदान करती है:
प्रति घंटा वर्षा: पिछले एक घंटे में दर्ज की गई वर्षा की मात्रा
24-घंटे की वर्षा: पिछले 24 घंटों में हुई कुल वर्षा
ये माप ट्रेन संचालन के संबंध में सोच-समझकर निर्णय लेने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं, विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहाँ भारी वर्षा की संभावना होती है और जिसका प्रभाव मिट्टी की संरचनाओं तथा प्राकृतिक ढलानों पर पड़ सकता है।
वर्षा डेटा और निर्धारित सीमा मानों (threshold values) के आधार पर विशिष्ट नियम लागू किए जाएँगे; ये नियम प्रत्येक खंड में मिट्टी की संरचना के प्रकार और प्राकृतिक ढलानों को ध्यान में रखते हुए बनाए जाएँगे, जिनकी विधिवत पुष्टि रखरखाव केंद्रों (Maintenance Centers) के माध्यम से सक्रिय गश्ती दलों द्वारा की जाएगी।
मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन कॉरिडोर के साथ-साथ, ठाणे और पालघर जिलों में छह उपकरण-युक्त वर्षा गेज स्टेशन स्थापित करने का प्रस्ताव है; इन्हें विशेष रूप से संवेदनशील मिट्टी संरचनाओं, पहाड़ी सुरंगों के प्रवेश/निकास द्वारों और सुरंग पोर्टलों आदि के निकट लगाया जाएगा। जिन क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर कटाई (cuttings) की गई है और जहाँ भूस्खलन का संभावित खतरा है, उन क्षेत्रों की भी बारीकी से निगरानी की जाएगी। वर्षा गेज का प्रभाव क्षेत्र (influence radius) लगभग 10 किलोमीटर है।